EVS Pedagogy E-Notes Part-6

Tez Education By Tez Education February 5, 2026

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EVS Pedagogy One-Liner Notes

पर्यावरण अध्ययन (EVS) शिक्षण शास्त्र

🎯 CTET एवं अन्य शिक्षक भर्ती परीक्षाओं के लिए महत्वपूर्ण वन-लाइनर नोट्स

📝

पर्यावरण की कक्षा में रूपात्मक आकलन (Formative Assessment) का समुचित कार्य नहीं है-

जल प्रदूषण की हानियों के बारे में चर्चा करना।

🏠

EVS में किसी अच्छे गृहकार्य (Homework) को मुख्यतः केन्द्रित होना चाहिए-

विस्तारित अधिगम के लिए चुनौतियाँ और उत्तेजना पर।

‘कक्षा के प्रश्नोत्तर’ तकनीक का सबसे अच्छा उपयोग किया जा सकता है-

शिक्षार्थियों में सीखने की जिज्ञासा उत्पन्न करने के लिए।

📖

डिस्लेक्सिया (Dyslexia) मुख्यतः किससे संबंधित समस्या है-

पढ़ने की

🚫

पर्यावरण अध्ययन में रचनात्मक आकलन (Constructive Assessment) में क्या शामिल नहीं है-

शिक्षार्थियों की ग्रेडिंग और रैंकिंग

🤝

सहयोगात्मक अधिगम में अधिक दक्ष विद्यार्थियों द्वारा कम कुशल का आकलन करने का परिणाम है-

उच्च उपलब्धि और स्व-गरिमा।

📁

प्राथमिक स्तर पर बच्चे का आकलन करने का सर्वश्रेष्ठ तरीका है-

पोर्टफोलियो (Portfolio)

😠

शिक्षिका तनावग्रस्त बच्चे की पहचान कैसे कर सकती है-

जब बच्चा आक्रामक व्यवहार प्रदर्शित करता है।

👪

अभिभावक-शिक्षक अन्तःक्रियाओं का मुख्य उद्देश्य है-

पुनर्बलन और सुधार के लिए बच्चे की योग्यताओं और कमजोरियों पर चर्चा करना।

💡

औसत से कम वाले विद्यार्थियों के लिए सबसे प्रभावी व्यूह रचना है-

उनके अधिगम के कमजोर क्षेत्रों की पहचान करना और सुधारात्मक उपाय उपलब्ध कराना।

⚠️

आकलन प्रक्रियाओं के बारे में सबसे कम उपयुक्त बात है-

‘ठीक’, ‘अच्छा’ और ‘बहुत अच्छा’ जैसी टिप्पणियाँ बच्चे के सीखने के बारे में पूर्ण समझ प्रदान करती हैं (यह गलत धारणा है)।

🛠️

‘प्रयोग करना’ संकेतक का आकलन करने का सबसे उपयुक्त तरीका है-

हस्तपरक गतिविधि (Hands-on Activity)

शिक्षार्थियों का आकलन करते समय शिक्षिका को क्या नहीं करना चाहिए-

बच्चों के कार्य के केवल कुछ पक्षों पर ध्यान केन्द्रित करना।

📄

दत्त कार्य (Assignment) के सम्बन्ध में क्या सही है-

यह बच्चों को सूचना खोजने, विचारों के निर्माण और उन्हें उच्चारित करने का अवसर प्रदान करता है।

👀

प्राथमिक स्तर पर आकलन में अनिवार्य रूप से शामिल होना चाहिए-

शिक्षक द्वारा सतत् और असंरचनात्मक तरीके से किए गए अवलोकन को साझा करना।

🔄

सतत् एवं व्यापक मूल्यांकन (CCE) क्यों आवश्यक है-

ताकि शिक्षार्थियों में परीक्षा का अनावश्यक भय न हो।

📂

कार्य-पत्रक, अवलोकन रिपोर्ट और सामग्री के फोल्डर को कहा जाता है-

पोर्टफोलियो

🩺

सतत् एवं व्यापक मूल्यांकन की एक प्रमुख तकनीक है-

निदानात्मक मूल्यांकन (Diagnostic Evaluation)

पर्यावरण अध्ययन – One Liner Notes

🌿 पर्यावरण अध्ययन (EVS)

महत्वपूर्ण शिक्षण तथ्य एवं वन-लाइनर नोट्स

🧠 शिक्षण पद्धतियाँ एवं मनोविज्ञान

❓ भ्रमण पर बातचीत का आधार: विद्यार्थियों का अनुभव ज्ञान रचना का आधार है।

🧪 विज्ञान की तीन विधियाँ: अवलोकन, प्रयोग व निगमन।

🌱 पर्यावरण जागरूकता का सृजन: क्षेत्रीय भ्रमण द्वारा।

❌ अच्छे परीक्षण की विशेषता नहीं है: उत्तीर्ण करना।

📝 रटने की प्रवृत्ति रोकने हेतु प्रश्न: वस्तुनिष्ठ प्रश्न।

🏗️ प्राथमिक स्तर पर प्रभावी विधि: कहानी विधि।

🙋 अभिप्रेरित शिक्षण का संकेत: बच्चों द्वारा प्रश्न पूछना।

👤 सीखने के तरीकों के प्रथम शोधकर्ता: जीन पियाजे और एल.एन. वाइगॉत्सकी।

📚 शिक्षण सहायक सामग्री (TLM)

🚫 दृश्य सामग्री नहीं है: ग्रामोफोन (यह श्रव्य सामग्री है)।

🌍 ग्लोब का उपयोग: पृथ्वी के वास्तविक रूप और आकार समझाने के लिए।

🖼️ इतिहास शिक्षण को सजीव बनाने वाली सामग्री: चित्र।

📻 श्रव्य सामग्री (Audio): रेडियो, टेपरिकार्डर, ग्रामोफोन।

📽️ दृश्य सामग्री (Visual): चित्र, मॉडल, मानचित्र, चार्ट, बुलेटिन बोर्ड, श्यामपट्ट, जादुई लालटेन।

📺 श्रव्य-दृश्य सामग्री (Audio-Visual): टेलीविजन, दूरदर्शन, चलचित्र।

⚡ उच्चकोटि का पुनर्बलन देने वाली सामग्री: कम्प्यूटर।

🗺️ शिक्षण रणनीतियां एवं मानचित्रण

📍 मानचित्र कला में सर्वप्रथम ज्ञान: दिशा का ज्ञान।

⛽ ईंधन संरक्षण हेतु सर्वश्रेष्ठ सामग्री: समाचार-पत्र।

🐾 ‘जानवर हमारे साथी’ को रोचक बनाना: जानवरों पर आधारित फिल्म प्रदर्शित करना।

🚂 रेलवे समय-सारणी का उद्देश्य: सैद्धांतिक तथ्यों को व्यवहारिक रूप से समझाना।

👁️ मल्टीमीडिया कैप्सूल का प्रभाव: दृश्य-श्रव्य सामग्रियाँ बेहतर संधारण के लिए सभी इन्द्रियों को शामिल करती हैं।

📅 तिथियां एवं महत्वपूर्ण कथन

दूरदर्शन प्रारंभ

15 अगस्त 1959

आकाशवाणी से अलग

वर्ष 1976

“शताब्दी के बदलने से ही रेडियो का व्यापक अर्थों में एक अत्यन्त महत्वपूर्ण शिक्षा-माध्यम के रूप में प्रयोग होता रहा है।”

— आर. जी. रेनल्ड

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