EVS Pedagogy E-Notes Part-3

Tez Education By Tez Education February 5, 2026

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One Liner Study Notes

🎯 महत्वपूर्ण वन-लाइनर नोट्स

शिक्षा शास्त्र, पर्यावरण एवं भूगोल का संकलन

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अधिगम एवं मनोविज्ञान

थॉर्नडाइक के अधिगम नियमों में कर्तव्यनिष्ठा का सिद्धान्त शामिल नहीं है।
उद्दीपन तथा अनुक्रिया का सम्बन्ध मजबूत होता है – निरन्तर अभ्यास करने से।
“किसी अभिप्रेरणा से उत्पन्न क्रियाशीलता ही सीखने का आधार होती है” – स्किनर
“स्थायी ज्ञान” का सम्बन्ध है – क्रियाशीलता के सिद्धान्त से।
त्रुटि एवं अभ्यास के सिद्धान्त का प्रतिपादन किया – थॉर्नडाइक ने।
विद्यार्थी सीखने के लिए तभी उद्यत होता है, जब उसे क्रियाशील बनाया जाए।
“सीखना, व्यवहार के परिणामस्वरूप व्यवहार में कोई परिवर्तन है” – गिलफोर्ड
मन्द बुद्धि बालकों के लिए अधिक उपयुक्त सिद्धान्त है – थार्नडाइक का सिद्धान्त।
थार्नडाइक ने अपना प्रयोग किया था – बिल्ली पर। 🐈
पुनर्बलन (Reinforcement) पर सबसे पहले बल दिया – स्किनर ने।
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पर्यावरण एवं पारिस्थितिकी

अम्लीय वर्षा (Acid Rain) से सर्वाधिक प्रभावित देश – नार्वे।
पर्वतीय क्षेत्रों में निर्वनीकरण के कारण नियमित घटनाएँ – मृदा अपरदन, मृदा सर्पण, भूस्खलन।
अच्छे स्वास्थ्य के लिए अनिवार्य – पौष्टिक भोजन, प्रदूषणरहित जल, स्वच्छ वायु।
कृत्रिम वर्षा (Artificial Rain) के माध्यम से व्यापक खेती होती है – चीन में।
शहरों में सबसे अधिक देखी जाने वाली बीमारी – साँसों से सम्बन्धित।
जैव ईंधन को शामिल करने का मुख्य कारण – संरक्षण हेतु।
प्राथमिक स्तर पर विज्ञान को पढ़ाया जाता है – पर्यावरण अध्ययन के रूप में।
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भूगोल एवं सामाजिक अध्ययन

भूगोल का विशेष अंग माना जाता है – विज्ञान को।
जी. टेलर ने मानव प्रजातियों को विभाजित किया है – 5 भागों में।
विश्व विख्यात मत्स्य उत्पादन क्षेत्र – गैण्ड बैंक और डॉगर बैंक। 🐟
खनन कार्य हेतु प्रसिद्ध क्षेत्र – छोटानागपुर क्षेत्र।
विश्व का विशाल मानव समूह क्षेत्र – दक्षिण-पूर्वी एशिया।
मेलोनेशिया द्वीप समूह की निवासी प्रजाति – ऑस्ट्रेलियाई।
“एजुसेट” (EduSat) प्रणाली लागू करने वाला महत्वाकांक्षी राज्य – हरियाणा।
“समाज पर्यावरण द्वारा रीतिबद्ध होता है” – डिमोलीन्स
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शिक्षण विधियाँ एवं अन्य

ज्ञात से अज्ञात की ओर:
संश्लेषण विधि (Synthesis Method)
अभिप्रेरक का काम करने वाली विधि:
दत्तकार्य विधि (Assignment Method)
प्रेरणा का स्रोत:
आत्मचेतना व सामाजिकता
सीखने का उद्देश्य नहीं है:
केवल “अच्छी नौकरी प्राप्त करना”
पर्यावरण एवं विज्ञान शिक्षण: महत्वपूर्ण तथ्य

🌿 पर्यावरण एवं विज्ञान शिक्षण (Pedagogy)

स्मार्ट वन-लाइनर नोट्स – सभी प्रतियोगी परीक्षाओं के लिए

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विज्ञान विषय की समझ: छात्रों में विज्ञान की समझ पैदा होने से उनके स्वभाव और वैज्ञानिक दृष्टिकोण में परिवर्तन होता है।

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अन्तर्राष्ट्रीय सद्भाव: शिक्षण का एक मुख्य उद्देश्य छात्रों को सांस्कृतिक जानकारी देना है।

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मनोविज्ञान सम्बन्ध: विज्ञान का प्रकरण दृष्टिकोण मनोविज्ञान के अवयवी सिद्धान्त पर आधारित है।

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अनुच्छेद 47: भारतीय संविधान के अंतर्गत पोषाहार स्तर, जीवन स्तर और लोक स्वास्थ्य सुधार राज्य का कर्तव्य है।

☁️

भौतिकी और पर्यावरण: ‘जलवायु सम्बन्धी’ प्रकरण इन दोनों विषयों का सम्मिलित रूप है।

♻️

पर्यावरण अध्ययन: वे सभी विषय जिनकी सहायता से हम अपनी पारिस्थितिकी का अध्ययन करते हैं।

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निगमन विधि: इसमें सर्वप्रथम नियम बताए जाते हैं, फिर उदाहरण दिए जाते हैं।

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स्पेन्सर का कथन: “बालकों को जितना सम्भव हो बताया न जाए, बल्कि उन्हें खोजने के लिए प्रोत्साहित किया जाए।”

💡

ह्यूरिस्टिक विधि: अन्वेषण की इस विधि का प्रतिपादन सर्वप्रथम आर्मस्ट्रांग ने किया था।

रूसो: बालकों को भ्रमण द्वारा शिक्षित करने के प्रबल पक्षधर थे।

खेल विधि: इसे शिक्षण प्रणाली में शामिल करने वाले यूरोपीय शिक्षाशास्त्री हेनरी कुक थे।

⏱️

सूक्ष्म शिक्षण (Micro-Teaching): इसके पूर्ण चक्र की अवधि 36 मिनट होती है।

👥

टोली शिक्षण: इसका मुख्य उद्देश्य प्रभावी एवं सतर्क अनुदेशन सुनिश्चित करना है।

🏠

गृह-कार्य का तर्क: विद्यार्थी के ज्ञान का आधार उसका निजी अनुभव होता है।

🧪

रसायन विज्ञान: प्राकृतिक परिवेश की घटनाओं के कारणों का पता लगाने के लिए EVS में इसे सम्मिलित कर सकते हैं।

🎮

खेल प्रक्रिया: इसका उपयोग मुख्य रूप से बालकों को सिखाने में किया जाता है।

👨‍🏫

शिक्षक स्वयं सामग्री: शिक्षक मौखिक उदाहरण प्रस्तुत करने में सक्षम होता है, इसलिए वह स्वयं एक उद्योतन सामग्री है।

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एकल शिक्षक: प्राथमिक विद्यालय में अकेले अध्यापक होने पर अभिक्रमित अनुदेशन विधि का प्रयोग श्रेष्ठ है।

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प्रसून शब्द: इसके अर्थ स्पष्टीकरण हेतु वस्तु प्रदर्शन प्रविधि सबसे उपयुक्त है।

🚫

विज्ञान क्लब: इसमें ‘रोम ऑफ क्लब’ को शामिल नहीं किया जा सकता।

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EVS का गलत उद्देश्य: विज्ञान के आधारभूत प्रत्ययों और सिद्धान्तों को रटकर याद करना उद्देश्य नहीं है।

🔎

प्रक्रिया कौशल: पूछताछ आधारित अनुभवों में ‘निर्धारण’ (Determination) कोई कौशल नहीं है।

🌿

सार्थक अधिगम: बच्चों को पौधों की ऊँचाई, पत्तियों, गन्ध और स्थानों में अन्तर का अवलोकन करने के लिए प्रोत्साहित करें।

🔡

E.V.S. Full Form: इसका अर्थ है Environmental Studies (एनवायर्मेंटल स्टडीज़)।

⚖️

नकारात्मक उद्देश्य: शिक्षक कक्षा-कक्ष में कड़ा अनुशासन सुनिश्चित करें, यह प्राथमिक स्तर का उद्देश्य नहीं है।

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सर्वेक्षण और लेखन: इसका मुख्य उद्देश्य शिक्षार्थियों को चीजों को खोजने और सीखने का अवसर देना है।

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प्रमुख उद्देश्य: कक्षा की पढ़ाई को शिक्षार्थी के विद्यालय से बाहर के जीवन से जोड़ना।

💎

साकल्यवादी (Holistic): विज्ञान और सामाजिक विज्ञान को मिलाकर पढ़ाना ताकि बच्चा पर्यावरण को पूर्ण रूप (Integrated) में देख सके।

📚

शब्दावली: बच्चों को मुख्य शब्दावली की सही परिभाषा याद कराना EVS का उद्देश्य नहीं है।

NCERT का दृष्टिकोण: पर्यावरण अध्ययन को उच्च प्राथमिकता चिन्तन और विस्मय (Wonder) के अवसर देने के लिए दी गई है।

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